family के साथ सेक्स पार्टी 18 वे जन्मदिन पर। part-2 । by feel।

अब आगे की कहानी सुनिए।
कोमल भाभी मेरे पास आई और मेरा इक बूब्स दबाते हुए बोली आज एस सोतन के लिए कुछ भी करूंगी।मैं भी कहा कम थी मैं बोली फिर तो मेरे जेसी ड्रेस मैं आओ।भाभी मुस्कुरा कर बोली जरुर मेरी जान। कोमल भाभी ने अपने सलवार सूट खोल दिए और अब वो सिर्फ काली ब्रा और पेंटी मैं थी।मेने कहा ये ठीक नही है अभी और बाकी है।तो मुकेश अंकल बोले इसे मैं खोल देता हु।और वो कोमल की ब्रा और पेंटी खोलने लग गये।मेरे को ये सब मैं बहुत मज़ा आ रहा था।फिर भाभी भी नंगी हो गयी और भाई से बोली क्या करना है प्रशान्त।भेया ने मेरी टांगो को चोडा किया और कहा इस की चूत मैं आधा केक भर दे।कोमल भाभी ने मेरी चूत मैं केक भर के कहा यार प्रशान्त तेरी बहन तो बहुत कुत्ती चीज है केक को आराम से निगल गयी।

मेरी चूत फूलकर काचरी के जेसे हो गयी थी तो पापा बोली आखिर बेटी किसकी है।वो मेरे पास आये और प्यार से मेरी फूली हुई चूत को सहलाने लग गये।और बोले कोमल कुछ भूल गयी हो ?कोमल भाभी ने पूछा क्या ? तो पापा ने बची हुई क्रीम मेरी चूत पर लेगा दी। अब मेरी चूत एक केक की तरहा दिख रही थी।मैं खड़ी हो के पापा के पास गयी और बोली आओ मेरी जान अब तो केक खा लो।पापा हसते हुए निचे बेठे और मेरी छुट पर लगी क्रीम को चाटने लगे साथ मैं धीरे धीरे मेरे बूब्स को दबा रहे थे।फिर प्रशान्त,कोमल,मुकेश,और मधु ने भी मेरी चूत चाटी।मेरी चूत फैमिली वालो के चाटने से पानी पानी हो गयी थी।मेरी चूत मैं तो जेसे पानी का फुव्वरा लगा था और खुला हुआ था जो बंद होने का नाम ही नही ले रहा था।तभी मेरे को पिशाब लगी।मेने पापा से कहा मैं बाथरूम जा के आती है। पापा बोले क्यों क्या हुआ?

मैं बोली मुतने के लिए यार और किस लिए तभी मेरा भाई प्रशान्त आगे आया और बोल कही जाने की जरूरत नही है ये भाई किस दिन काम आयेंगा।मैं हसते हुए बोली मतलब। कोमल भाभी बोली मतलब ये की तुम प्रशान्त के मुह मैं मूत सकती  वो तुम्हारा मूत पीना चाहता है।पापा आगे आके बोले कोमल इसे दिखाओ।तो कोमल भाभी ने अपनि चिकनी चूत को पापा के मुह पे लगाया और जोर से मुतने लग गयी।पापा भी मस्त हो कर कोमल भाभी का मूत पीने लग गये।ये देखकर मुझे पता ही नही चला की मैं कब प्रशान्त के मुह मैं मुतने लग गयी।फिर कोमल भाभी अचानक निचे झुकी मेने पूछा क्या हुआ भाभी।फिर भाभी ने अपनी गांड के छेद की और इशारा किया। फिर पापा ने केक की थोड़ी सी क्रीम लेकर कोमल भाभी के गांड के छेद पर लगाई और उस को सहलाना शुरू कर दिया था।फिर अपनी बिच की ऊँगली को उसकी गांड मैं घुसाने लगे।

और पापा कोमल भाभी की चूत चाटने लगे। गांड मैं ऊँगली घुसाने पर कोमल भाभी अपनी चूत को पापा के मुह पर और जोर से रगड़ने लग गयी।फिर मेरा भाई मेरे से बोला तुम्हारी भी इच्छा है। मेने धीरे से गर्दन हिला कर हां कर दी।उसने मुझे डोगी स्टाइल मैं होने को कहा। मैं कुत्ती की तरहा बन गयी तो उस ने मेरी गांड पर क्रीम लगाई और चाटने लगा।और अपनी जीभ को टाइट कर के मेरी गांड के छेद मैं घुसाने की कोशिस करने लेगा।मैं तो जेसे जन्नत मैं घूम रही थी।अब मेरे से रहा नही गया और मेने खुद ही कहा प्रशान्त भेया खाली चाटोगे या चोदोगे भी।पापा मेरे पास आयें और बोले बेटी कुनिका आज तेरी ये इच्छा भी पूरी होगी आज तेरे को इक साथ 3 – 3 लंड का मज़ा मिलेगा।

तभी कोमल भाभी मेरे पास आकर बोली अब कली का फूल बनने का वक्त हो गया है।ये बोलकर वो घुटनों के बल निचे बेठ गयी और प्रशान्त भैया का लंड मुह मैं लेकर लोलीपोप के तरहा चूसने लग गयी।उधर मधु पापा का लंड चूस रही थी।ये सब देख कर मैं और ज्यादा गर्म होने लेग गयी।मेरे को लेगा की मैं तो बिना चुदवाए ही पानी छोड़ दूंगी।तीनो मर्दों के लंड तन कर सरिये की तरहा मजबूत हो गये थे। अब भाभी प्रशान्त भैया को छोडकर मेरे पास आई।और मेरी चूत को चाटते हुए बोली आज मेरी कुनिका का फाइनल एग्जाम है और मेरे को पता है वो एस मैं 1st आएँगी।कोमल भाभी ने मुझे जमीन पर लेट जाने को कहा।फिर प्रशान्त को पास आने का इशरा किया। फिर भाभी ने प्रशान्त भैया का लंड पकडकर मेरी चूत पर रखा।फिर प्रशान्त भैया ने धीरे से धक्का लगाया।मेरे को हल्का सा दर्द हुआ।मेने कहा धीरे वो बोल डर मत और मेरी गांड को दबाने लगा।अचानक उस ने मेरी गांड को कस के पकड़ा और अपना लंड इक ही झटके मैं मेरी चूत मैं पेल दिया।

मेरा दर्द से बुरा हाल था मैं जोर से चिल्लाई आआईइ। पापा कोमल मधु और प्रशान्त सब हसने लगे।मेरे को आज तारे नजर आ गये थे।फिर कोमल और मधु मेरे पास आई और दोनों ने मेरे एक एक बोबे को चुसना शुरू कर दिया।धीरे धीरे मेरे को मज़ा आने लेगा और प्रशांत भैया भी अपने लंड को पूरी स्पीड से मेरी चूत मैं आगे पीछे करने लगे।पापा मेरे सर के पास आयें और अपने लंड को मेरे मुह मैं डाल दिया।मैं उन के लंड को लोलीपोप की तरहा चूसने लगी।फिर उन्होंने मेरे मुह मैं ही धीरे धीरे धक्के लगाना स्टार्ट कर दिए।मेरे दोनों हाथ खाली थे तो मेने भी अपने हातो से कोमल और मधु की चूत मैं ऊँगली करना शुरू कर दी।उधर अंकल ने अपना लंड कोमल भाभी के मुह मैं डाल दिया।फिर भाभी बोली कुनिका ने हाफ इयरली तो पास कर ली अब फाइनल एग्जाम बाकी है।पापा बोली हां और अपना लंड मेरे मुह से निकाल लिया।अब प्रशान्त भैया ने भी अपना लंड बाहर निकल लिया और खुद निचे हो गया।और मुझे कहां कुनिका अब तुम उपर रहो।मेने कहा ठीक है और उनके उपर चड़ गयी।फिर प्रशान्त भैया ने अपना लंड ससीधा किया और मेरी चूत मैं डाल दिया अब पूरा लंड मेरी चूत मैं समा चुका था।

 फिर पापा ने मेरी गांड के छेद पर क्रीम लगाई और धीरे धीरे मेरी गांड के छेद मैं अंदर करने लगे।फिर एक ऊँगली मेरी गांड के छेद मैं डाल दी तो मैं आगे झुक गयी। क्युकी मेरा छेद अन टच था मैं बोली पापा ये आज नही।तभी कोमल भाभी मेरे पास आई और अपने बोबे को मेरे मुह मैं डाल कर पापा को इशारा किया।पापा ने पहले तो धीरे से धक्का लगाया ।मेरे को एसा लगा की जेसे कोई गर्म सरिया मेरी गांड मैं घुसा रहा है। मैं जोर से चिल्लाना चाहती थी लकिन कोमल भाभी ने मेरा मुह अपने बोबो के बिच मैं दबा रखा था।तभी पापा ने पूरी ताकत से पूरा का पूरा लंड मेरी गांड मैं उतार दिया।मैं बेहोश होते होते बची दर्द के मारे मेने अपने दात कोमल भाभी के बोबो मैं गड़ा दिए।तो कोमल भाभी पापा से बोली बस थोडा आराम से आज इसका पहला दिन है।ये मैं थोड़ी हु जो गांड मैं 2 लंड एक साथ ले सकती हु।

मैं ये सुनकर अपना दर्द भूल गयी और बोली क्या? तो मधु बोली हां कोमल भाभी को दंड मैं एक लंड से मज़ा नही आता।इसे दो लंड एक साथ चाहिए।प्रशान्त भाई ने अपनी स्पीड बदली और बोले अब मैं झड़ने वाला हु।भाभी बोली चूत के अंदर मत झड़ना मेरे पास आ जा।प्रशांत अपना लैंड निकलकर कोमल भाभी के मुह मैं डालकर आगे पीछे करने लेगा।और गर्म गर्म गाढ़ा सफेद सा पानी भाभी के मुह मैं छोड़ दिया।इधर पापा बोले मेरा भी हो गया है तो मधु आई और पापा का लंड चूसने लग गयी।पापा ने भी वीर्य मधु के मुह मैं छोड़ दिया।अब अंकल मेरे पास आके मेरी चूत को चाटने  लगे।मुझे बड़ा आराम मिला।अब अंकल ने अपना लंड मेरी चूत मैं डाल दिया और करीब 20 min तक मेरी जम के चुदाई की।और बोले अब मैं भी तेयार हु तो कोमल भाभी ने अंकल का लैंड मुह मैं ले लिया और अंकल कोमल भाभी के मुह मैं झड गये।

कोमल ने सार वीर्य पीकर कहां अब कुनिका को थोडा आराम करने दो अब मेरी और मधु की बारी है।तो दोस्तों एस तरहा मेरे सेक्स जीवन की शुरुवात हुई। thanks

family के साथ सेक्स पार्टी 18 वे जन्मदिन पर। part-1

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