चुदवाकर पंजाब चली गई

हैल्लो दोस्तों, मेरा नाम साहिल है और में आपको अपनी ज़िंदगी की एक सच्ची कहानी बताने जा रहा हूँ, मुझे उम्मीद है कि आपको मेरी स्टोरी जरुर पसंद आयेगी. अब में आपका समय ख़राब ना करते हुए सीधा अपनी कहानी पर आता हूँ. मैंने नया-नया फेसबुक चलाना सीखा था और सबको फ्रेंड्स रिक्वेस्ट भेजी, ऐसे ही अचानक मैंने अवन्तिका को फ्रेंड्स रिक्वेस्ट भेजी जो कि उसने एक्सेप्ट कर ली.

अब हमारी बातचीत शुरू हो गई, मुझे शेर और शायरी का शोक था, जो में अक्सर भेज दिया करता था, जो उसे काफ़ी पसंद था. अब हमारी बातचीत हुई और हमने अपने नम्बर एक्सचेंज कर लिए. फिर उसने मुझसे कहा कि में खुद कॉल करुँगी, लेकिन तुम तब तक नहीं करोंगे जब तक में ना कहूँ, तो में मान गया, लेकिन मैंने उससे प्रॉमिस माँगा कि कॉल करोगी.

फिर सुबह उसका 7 बजे कॉल आया और उस समय वो मंदिर जाती थी. फिर हमारी 30 बात हुई, तब उसने मुझे बताया कि वो शादीशुदा है और उसके एक 3 साल की बेटी है. अब में आपको अवन्तिका के बारे में बता दूँ, 38-36-40 का फिगर, सॉफ्ट स्किन, साँवली, हॉट और सेक्सी है और वो पंजाब से है. फिर मैंने उससे कहा कि अगर तुम्हें ऐतराज़ ना हो तो क्या हम दोस्त बन सकते है? मेरे कोई दोस्त नहीं है. फिर वो मान गई और अब उसके मन में एक उम्मीद जाग गई थी, जैसे उसे ज़िंदगी मिल गई हो, क्योंकि वो अपने पति से अलग रहती थी, उसका पति शराबी था और ये बात उसने मुझे बड़ा फोर्स करने पर बताई और रोने लगी. फिर मैंने उसे चुप करवाया और उसका साथ देने को कहा, अब वो मुझसे रोज़ बात करने लगी, अब वो रोज सुबह 7 बजे कॉल करती और शाम को फेसबुक पर चैट करती थी.

फिर एक दिन अचानक से मेरा फेसबुक मेरे भाई के फोन पर खुला रह गया और मेरा भाई उससे चैट करने लगा. फिर मैंने अपने सिस्टम पर चैक किया तो मैसेज चैट हुआ था, आई वाज़ कन्फ्यूज़. फिर जब में घर पहुँचा तो पता चला कि कल उससे चैट करते वक़्त आई.डी. भाई के फोन पर चालू रह गई थी. तभी अचानक से अवन्तिका का कॉल आया.

उसने पूछा कि ये चैट कौन कर रहा था? तो मैंने बोला कि सॉरी ग़लती से भाई के फोन पर फेसबुक चालू रह गई थी. फिर उसने गुस्सा किया, लेकिन काफ़ी मांफी माँगने के बाद उसने मुझे माफ कर दिया, मेरी फर्स्ट टाईम उससे रात को बात हुई और मैंने उससे दिल की बात बोली कि में तुम्हें पसंद करता हूँ. तभी उसने बोला कि तुम मुझसे सेक्स करना चाहते हो, तो में शॉक हो गया और अचानक उससे कहा कि हाँ करना चाहता हूँ, बोलो कहाँ मिलोगी? तो उसने कहा कि देखा सभी एक जैसे होते है.

फिर मैंने कहा कि में सिर्फ़ तुम्हारा प्यार चाहता हूँ, जो कभी ख़त्म ना हो और इस बात से अवन्तिका जैसे पागल हो गई और वो भी मुझसे प्यार करने लगी. अब वो भी काफ़ी प्यासी थी, क्योंकि पति से दूर होने के बाद उसने काफ़ी दिनों से सेक्स नहीं किया था.

फिर मैंने उससे मिलने का प्लान बनाया, तब तक हम काफ़ी खुल गये थे और काफ़ी हद तक सेक्स की बातें करते थे. अब वो अपनी दोस्त के साथ घर से निकली, उसकी दोस्त भी अपने बॉयफ्रेंड के साथ आई थी, क्योंकि उसे भी उसके साथ टाईम बिताना था और मुझे अवन्तिका के साथ टाईम बिताना था. अब हम तय की हुई जगह पर पहुँचे.

फिर मैंने दो कमरे होटल में बुक करवाए और एक कमरे में हम और दूसरे में उसकी दोस्त थी. अब कमरा बंद करते ही में बेड पर लेटा था और वो अपनी दोस्त से मिलकर रूम में वापस आई और दरवाजा लॉक करते ही मुझ पर टूट पड़ी.

अब उसने मुझे जोर से हग कर लिया, तो मैंने उसे पलटी मारकर बेड पर लेटा दिया और उसे चूमने लगा. अब में उसकी गर्दन पर, उसके गालों पर, आँखों पर किस करने लगा और उसके बूब्स को कस कसकर दबाने लगा और कपड़ो के ऊपर से ही उन्हें चूसने लगा. अब उसने अपनी आँखे बंद कर ली और मेरी पेंट पर अपने हाथों को रगड़ने लगी. अब मुझे उससे मिलने की इतनी खुशी थी कि अब मुझसे भी रहा नहीं गया और मैंने उसके कपड़े उतारना शुरू कर दिए.

ये मेरा उसके साथ सेक्स का पहला अनुभव था और उसका एक परायें मर्द के साथ सेक्स का पहला अनुभव था, उसने अपने पति के अलावा किसी से नहीं चुदवाया था. फिर मैंने उसे ऊपर से पूरी नंगी कर दिया. अब मैंने उसकी ब्रा को अपने होंठो से खोला. फिर मैंने उसकी पूरी पीठ और उसकी गांड पर बहुत सारी किस की, जिससे वो एकदम गर्म हो गई थी. फिर मैंने उसका पजामा उतार दिया और अब वो पिंक फूलों वाली पेंटी में मेरे सामने थी, अब उसके बदन पर पेंटी के अलावा कुछ नहीं था.

फिर मैंने उसके पूरे बदन पर किस करना शुरू कर दिया, उसके होंठो पर, उसकी गर्दन पर, उसके गालों पर और उसके बूब्स को खूब निचोड़-निचोड़कर चूसा, उसके ब्राउन और मोटे निप्पल को खूब मसला और चूसा, वो एकदम कयामत थी. फिर जब मैंने उसकी नाभि के गहरे छेद को चूसा तो वो एकदम से मचल गई.

फिर मैंने और नीचे जब उसकी पेंटी के ऊपर से उसकी चूत पर किस किया तो उसने एकदम से मेरा सर पकड़कर पीछे कर दिया, लेकिन में कहाँ रुकने वाला था? फिर मैंने उसके दोनों हाथों को पीछे किया और उसकी पेंटी को पकड़कर खींचकर उतारने लगा. उस वक़्त वो मना करने लगी, लेकिन में अब नहीं रुक सकता था और मैंने उसकी पेंटी उतारकर फैंक दी और वो शरमाने लगी. उसने अपनी चूत साफ की थी, उसकी चूत एकदम क्लीन शेव थी. फिर मैंने उसे सीधा किया और उसके दोनों हाथों को पकड़ा और उसे स्मूच करने लगा, अब वो अपने आपको मुझसे छुड़वाने की कोशिश करने लगी, लेकिन वो नाकामयाब रही.

फिर उसने अपनी आँखे बंद कर ली. तभी मैंने उससे कहा कि अवन्तिका आँखे खोलो और देखो में हूँ तुम्हारा साहिल आँखे खोलो, तो उसने अपनी आँखे नहीं खोली. फिर मैंने उसका सर अपने दोनों हाथों से पकड़ा और फिर बोला कि आँखे खोल अवन्तिका.

फिर उसने धीरे से अपनी आँखे खोली और मेरी आँखो में देखा, बस फिर में एकदम से उठा और उसकी टाँगे ऊपर उठाकर चौड़ी की और अपने होंठो से उसकी क्लीन चूत को चाटने लगा. फिर वो एकदम से मचल गई और मेरा सर पीछे करने लगी, लेकिन में अपनी पूरी ताक़त से उसकी चूत चाटने लगा, उसकी चूत का स्वाद मजेदार था. अब उसकी चूत से सफ़ेद झाग निकल रहा था, जिसे में चाटता रहा. अब उसे भी मज़ा आने लगा था. फिर उसने मेरा सर अपनी चूत पर दबाना शुरू कर दिया तो में अपनी जीभ को उसकी चूत के अन्दर तक घुसाने लगा और उसके चूत के दाने को अपने दांतों में दबाकर धीरे-धीरे काटने लगा. अब उसे इतना मज़ा आ रहा था कि अचानक उसने अपनी कमर उठाई और मेरा सर पीछे करना चाहा, लेकिन मैंने दबाये रखा और उसने अपना पानी छोड़ दिया और वो शांत हो गई.

फिर में उसकी चूत का सारा पानी चाटकर पी गया और उसको हग करके लेट गया. फिर उसने मुझे बताया कि उसे आज तक ऐसा मज़ा उसके पति ने भी नहीं दिया था. अब मेरा लंड जो पहले से खड़ा था और अब उसकी चूत में जाने के लिए फनफना रहा था. फिर मैंने उसे फिर से चूमना शुरू कर दिया. फिर मैंने अपनी जेब से एक कंडोम निकाला और लंड पर लगाया. अब वो मेरा लंड देखकर हैरान रह गई, मेरा लंड 8 इंच लम्बा और 4 इंच मोटा है.

फिर मैंने धीरे-धीरे उसकी चूत में पहले उंगली डाली तो वो एकदम से मचल गई. उसकी चूत एकदम टाईट थी. फिर मैंने सोचा कि एक बच्चे की माँ और इतनी टाईट चूत, कमाल है, बच्चा होने के बाद डॉक्टर ने उसकी चूत एकदम टाईट कर दी थी. फिर मैंने उसकी चूत पर चूमा तो वो चिल्ला पड़ी, साहिल ऐसा मत करो, दर्द होता है. फिर मैंने कहा कि जान दर्द में ही मज़ा आता है, तो उसने कहा कि तुम्हारा बहुत मोटा है, में नहीं ले पाऊँगी.

फिर मैंने कहा कि क्यों तुम्हारा पति तुम्हें ठीक से नहीं चोदता था क्या? तो उसने कहा कि नहीं शुरू होते ही झड़ जाता था और लंड भी छोटा था 4 इंच लंबा और 2 इंच मोटा था. फिर मैंने कहा कि फिर तो मज़ा आयेगा, उसकी चूत भी कसी हुई थी, अब वो एकदम दुबारा गर्म हो चुकी थी. फिर मैंने उसकी टाँगे उठाई और उसके दोनों हाथों को पकड़ लिया और उसे स्मूच करने लगा.

फिर मैंने अपने लंड को उसकी चूत पर रखा और धीरे-धीरे अन्दर डालने लगा. अब उसे थोड़ा दर्द हुआ और वो चिल्लाने लगी, तो में कुछ देर रुक गया और उसे चूमने लगा. फिर कुछ देर में वो शांत हुई और मैंने सर अपनी कमर को पीछे किया और एक ही झटका मारा, वो झटका इतनी ज़ोर का था कि मेरा पूरा लंड उसकी चूत को चीरता हुआ अन्दर घुस गया.

अब उसकी आँखो से आँसू निकलने लगे थे और वो चिल्लाने लगी थी, लेकिन मेरे होंठों से उसके होंठ दबे होने के कारण वो नहीं चिल्ला पाई और उसे मैंने कसकर पकड़ लिया. फिर कुछ देर तक ऐसे रहने के बाद वो थोड़ा शांत हो गई और फिर मैंने धक्के मारना शुरू कर दिया. अब वो धीरे-धीरे चिल्लाने लगी थी. फिर कुछ देर के बाद उसे भी मज़ा आने लगा, अब वो भी अपनी कमर उठा-उठाकर मेरा साथ देने लगी.

फिर उसने अपनी कमर तेज हिलाना शुरू कर दी और वो झड़ गई, लेकिन मैंने अपने धक्के जारी रखे और तेज-तेज धक्के मारता रहा. अब उसके मुँह से मस्त आवाज़े निकलने लगी, आआहह साहिल बहुत मज़ा आ रहा है और तेज करो, कम ऑन साहिल तुम बहुत अच्छा चोदते हो, ऐसा सुख मुझे आज तक किसी ने नहीं दिया था, आआहह और ज़ोर से चोदो साहिल, बहुत मज़ा आ रहा है, अब में झड़ने वाली हूँ. अब उसकी बातें सुनकर मेरा जोश और बढ़ गया, अब मुझे भी लगा कि में भी झड़ने वाला हूँ और फिर में झड़ गया, लेकिन उसको पता नहीं चला, क्योंकि में धक्के मारता रहा और फिर 5-6 धक्को के बाद वो भी झड़ गई.

फिर उसने मुझसे कहा कि आई लव यू साहिल. फिर अवन्तिका ने कहा कि तुम सच में मर्द हो, ऐसा सुख मुझे आज तक नहीं मिला है जो तुमने दिया है. फिर मैंने उसकी चूत की तरफ देखा जो खून से भरी हुई थी. फिर मैंने उसे साफ किया, अब उसकी चूत पूरी लाल हो चुकी थी और सूज गई थी. अब मेरा लंड अभी भी खड़ा था. फिर मैंने अपना कंडोम निकाला और फैंक दिया और साथ में ही दूसरा कंडोम चढ़ाकर फिर से उसे चूमने लगा. अब वो फिर से गर्म हो गई और इस बार मैंने उसे घोड़ी बनने को कहा. फिर मैंने उसकी गांड पर एक थप्पड़ मारा और किस किया और पीछे से उसकी चूत को चूमा और उठकर उसकी चूत में लंड डाल दिया. अब उसके मुँह से चीख निकल गई.

फिर मैंने उसके बूब्स को पकड़ा और धक्के मारना शुरू कर दिया. अब मेरा लंड उसकी चूत को कस कसकर चुदाई कर रहा था, अब उसकी चूत गीली होने के कारण पच-पच की आवाज़ निकल रही थी. अब में उसे तेज-तेज चोदने लगा था, इतनी चुदाई के बाद वो 1 बार फिर झड़ गई और दूसरी बार हम एक साथ झड़े. फिर मैंने उसकी चूत को चूमा और उसे आई लव यू कहा और उसने भी मुझसे आई लव यू टू कहा और फिर वो वापस पंजाब चली गई.

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